कार्य प्रणाली  

बोर्ड में सामान्‍यत: उपरोक्‍त अधिनियमों, उनके अन्‍तर्गत नियमों एवं राज्‍य सरकार एवं चयनित अधिनियम के अन्‍तर्गत जारी अधिसूचना के तहत विचारधीन अपीलों की सुनवाई एवं निस्‍तारण कर बोर्ड की एकलपीठ एवं खण्‍डपीठ द्वारा की जाती है।

1. खण्‍डपीठ के द्वारा श्रवणयोग्‍य अपीलें:-

(अ) राज्‍य स्‍तरीय एवं जिला स्‍तरीय छानबीन समिति की सिफारिशों के विरूद्ध अपील अन्‍तर्गत राजस्‍थान विक्रय कर अधिनियम धारा 15 या 25 की उपधारा (3)।

(ब) राजस्‍थान विक्रय कर अधिनियम की धारा 87 एवं 40 के तहत आयुक्‍त/अतिरिक्‍त आयुक्‍त वाणिज्यिक कर के आदेशों के विरूद्ध अपील।

(स) राजस्‍थान विक्रय कर अधिनियम की धारा 84 में अपीलीय अधिकारी के द्वारा पारित वे निर्णय जिनमें विवादित राशि रूपये 5.00 लाख से अधिक है या जिनमें कर की दर/वस्‍तु का वर्गीकरण विवादित हो।

2. एकलपीठ के द्वारा श्रवणयोग्‍य अपीलें:-


(अ) मनोरंजन कर से संबंधित सभी अपीलें।

(ब) राजस्‍थान विक्रय कर अधिनियम की धारा 84 में अपीलीय अधिकारी के द्वारा पारित वे निर्णय जिनमें विवादित राशि रूपये 5.00 लाख तक हो।

(स) राजस्‍थान मुद्रांक अधिनियम के तहत प्रस्‍तुत निगरानीयां/नजरसानियां

उपरोक्‍त व्‍यवस्‍था के अतिरिक्‍त किसी भी पीठ  तथ्‍य संदर्भ करने पर  वृहतपीठ में भी संदर्भित बिन्‍दुओं पर सुनवाई करने के प्रावधन है।

3. वादों का प्रस्‍तुतीकरण:-

बोर्ड में राजस्‍थान विक्रय कर अधिनियम की धारा 85 के अंतर्गत अपील प्रस्‍तुत करने हेतु नियम 31 के तहत निर्धारित प्रारूप:-

एस.टी. 9 (क्लिक करके देखा जा सकता है।)


इसी प्रकार प्रत्‍याक्षेप (cross objection) का ज्ञापन भी अपील मेमारेण्‍डम की प्राप्ति के एक माह में नियम 31 के तहत एसटी 9ए में प्रस्‍तुत किया जा सकता है जिसका प्रारूप निम्‍नानुसार है:-

एस.टी. 9ए (क्लिक करके देखा जा सकता है।)

उपरोक्‍त अपील दायर करने के साथ प्रकरण में मांग राशि को स्‍थगित करने की शक्तियां भी राजस्‍थान विक्रय कर अधिनियम की धारा 85 की उनधारा 8 के अंतर्गत कर बोर्ड को प्राप्‍त है जिसके लिये अपीलार्थी अपील के साथ पृथक से प्रार्थना पत्र मय शपथ-पत्र के प्रस्‍तुत कर सकता है।